कोंडागांव/दीपक वैष्णव– अक्सर देखा गया है कि जब बड़ा जवाबदारी किसी को मिल जाये और उस बड़े कुर्सी का दुरुपयोग जोरों से होने लगे और बड़े बड़े भ्रष्टाचार को अंजाम देना उसी कुर्सी से किया जाए तो क्यों छोड़े वह कुर्सी ऐसा ही मामला कोंडागांव जिला मुख्यालय में देखने को मिला है जहाँ मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कहे जाने वाले डॉक्टर रामकेश्वर सिंह कुशवाहा का स्थान्तरण कोंडागांव जिला अस्पताल सिविल सर्जन में हुआ था मगर साहब द्वारा स्टे ले लिया गया क्यों कि मोती रकम जो कुर्सी में आ रही मगर अब छत्तीसगढ़ शासन लोक स्वास्थ्य एवं कल्याण विभाग मंत्रालय द्वारा आदेश पारित किया गया कि माननीय उच्च न्यायालय बिलासपुर द्वारा आदेश किया गया कि डॉक्टर रामकेश्वर सिंह कुशवाहा चिकित्सा अधिकारी प्रस्तुत अभ्यावेदन दिनांक निरंक को पूर्ण विचारोपरांत अमान्य करता है ।
देखिए पैसे और पद की ताकत जब हाई कोर्ट ने फैसला सुना दिया उसके बाद भी किस तरह कुर्सी पर बैठे हुए हुआ भाजपा सरकार भी इस भ्रष्टाचारी अधिकारी को हिला नही पा रहा सवाल खड़ा हो रहा कौन से बड़े मंत्री का हाथ इस अधिकारी पर है जो स्थान्तरण के बाद भी कुर्सी छोड़ने को तैयार नही सवाल क्या यहाँ चिकित्सा अधिकारी की कुर्सी बड़े घोटाले करती है इसलिए नही छोड़ रहा अधिकारी यह कुर्सी देखते है खबरों के बाद प्रशासन किस तरह एक्सन मोड़ में आता है क्या फिर कोई मंत्री रख देखा इस रसूखदार के सर पर हाथ ।
25 मार्च को हुआ था हादसा, कई दिनों तक जिंदगी से जंग के बाद हार,बेकाबू…
📍बलरामपुर। नगर पालिका परिषद बलरामपुर में शासकीय संपत्तियों की कथित अवैध बिक्री का मामला अब…
छत्तीसगढ़ जगदलपुर छत्तीसगढ़ की धरती से हमेशा के लिए नक्सलवाद का दंश खत्म हो जाए इसके…
📍रायपुर/बिलासपुर | विशेष रिपोर्ट छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित रामावतार जग्गी हत्याकांड में एक बार फिर बड़ा…
सरहुल महापर्व पर दिखी सेवा भावना
✍️ दुर्गेश गुप्ता 📍कुसमी - बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के सामरी तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत टाटीझरिया के…