करोड़ों की कुसमी–सामरी सड़क में घटिया निर्माण, उखड़ने लगी पिच

✍️ दुर्गेश गुप्ता
कुसमी / सामरी
करीब 17 किलोमीटर लंबी कुसमी–सामरी सड़क, जिस पर शासन द्वारा करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, निर्माण के दौरान ही अपनी बदहाली बयां करने लगी है। सड़क निर्माण में घटिया सामग्री के उपयोग और भारी लापरवाही ने लोक निर्माण विभाग (PWD) तथा ठेकेदार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
वर्तमान में सड़क निर्माण कार्य ग्राम पंचायत गोपातु तक पहुंच चुका है। यहां बनी पिच सड़क की स्थिति बेहद खराब नजर आ रही है। सड़क में गिट्टी की मात्रा न के बराबर है और डामर की परत इतनी पतली है कि निर्माण होते ही सड़क जगह-जगह से उखड़ने लगी है।

निर्माण गुणवत्ता की स्थिति यह है कि तय मानकों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। सड़क के दोनों ओर बनाए जा रहे साइड शोल्डर भी बेहद लापरवाही और घटिया तरीके से तैयार किए जा रहे हैं, जिससे सड़क की मजबूती और टिकाऊपन पर सवाल खड़े हो गए हैं।

सबसे चिंताजनक बात यह है कि सड़क पर बिना इमल्शन के डामरीकरण का कार्य किया जा रहा है, जिससे सड़क की उम्र बेहद कम रहने की आशंका जताई जा रही है।
जब इस संबंध में लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर से बात की गई तो उन्होंने वही रटा-रटाया जवाब देते हुए कहा—
“काम को दिखवाता हूँ।”
हालांकि मौके की हकीकत कुछ और ही कहानी बयां कर रही है।


















